आज का शब्द: विशृंखल और हरिवंशराय बच्चन की कविता- आ, सोने से पहले गा लें !



हिंदी हैं हम' शब्द शृंखला में आज का शब्द है- विशृंखल, जिसका अर्थ है- जिसमें शृंखला न हो या न रह गई हो, बिखरा हुआ। प्रस्तुत है हरिवंशराय बच्चन की कविता- आ, सोने से पहले गा लें !

आ, सोने से पहले गा लें !

जग में प्रात पुनः आएगा,
सोया जाग नहीं पाएगा,
आँख मूँद लेने से पहले, आ, जो कुछ कहना कह डालें !
आ, सोने से पहले गा लें !

दिन में पथ पर था उजियाला,
फैली थी किरणों की माला
अब अँधियाला देश मिला है, आ, रागों का दीप जला लें !
आ, सोने से पहले गा लें !

काल-प्रहारों से उच्छृंखल,
जीवन की लड़ियाँ विशृंखल,
इन्हें जोड़ने को, आ, अपने गीतों की हम गाँठ लगा लें !
आ, सोने से पहले गा लें !


Note:-  हिमाचल क्राइम न्यूज़ की वेब पोर्टल पर विज्ञापन लगाने हेतु संपर्क करें 8354800009 या  मेल करेंhimachalcrimenews@gmail.com


Himachal Crime News
Nadaun District Hamirpur, Web Portal since June 2012.


  •  फेसबुक पेज को लाइक करें
  • 👇👇👇👇
  •  Facebook
  • इंस्टाग्राम में फॉलो करें
  • 👇👇👇👇
  • Instagram
  • यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें
  • 👇👇👇👇
  • You Tube
  • ट्विटर में फॉलो करें
  • 👇👇👇👇
  • Twitter

Comments

जरा अन्य खबरों पर भी डाले नज़र

हिमाचल में येलो-ऑरेंज अलर्ट के साथ भारी बारिश और बर्फबारी की चेतावनी

जयराम को 4 बार जन्म लेना पड़ेगा वीरभद्र बनने के लिए:अग्निहोत्री

बस में सफर कर रहे दो युवकों से चरस बरामद, गिरफ्तार

UP Panchayat Election 2021: कौशांबी में सुबह 6 बजे से लाइन में लगे मतदाता, शांतिपूर्ण चुनाव के लिए चप्पे-चप्पे पर पुलिस

दंतेवाड़ा में बड़ा नक्सली हमला: मोदी का ट्वीट

हमीरपुर:उपायुक्त देवाश्वेता बनिक ने अधिकारियों के साथ की चर्चा

हिमाचल के सीएमओ 14 दिन के लिए हुए बन्द

विस् चुनाव से पहले कांग्रेस चीफ ने हिमाचल के बड़े नेताओं को पढ़ाया अनुशासन का पाठ

5वीं मंजिल से कूद कर कोरोना संक्रमित ने की खुदकुशी

ब्रिटेन: मंत्री ने सहयोगी का चुंबन लेकर कोविड नियम तोड़ने पर दिया इस्तीफा